HomeUncategorizedअगर आप भी खाते हैं चाउमीन में सॉस मिलाकर तो हो जाएं...

अगर आप भी खाते हैं चाउमीन में सॉस मिलाकर तो हो जाएं सावधान, जानिए क्यों ?

आज के समय में फास्ट फूड खाने का शौक बहुत से लोग रखते हैं. फास्ट फूड में सबसे ज्यादा पसंद आने वाली चीज है चाउमीन जिसे बहुत से लोग नूडल्स भी कहते हैं. इसमें टोमैटो और चिली सॉस मिलाकर खाने का मजा ही कुछ और है, स्वाद में तीखी, स्पाइसी और बहुत ही लजीज लगती है लेकिन अगर यही चीज आपको अंदरूनी रूप से नुकसान कर जाए तो ? फिर क्या करेंगे आप ? ऐसा एक केस सामने आया है इसलिए हम आपको बता रहे हैं कि अगर आप भी खाते हैं चाउमीन में सॉस मिलाकर तो हो जाएं सावधान, चलिए बताते हैं क्या है पूरा मामला ?

अगर आप भी खाते हैं चाउमीन में सॉस मिलाकर तो हो जाएं सावधान,

चाउमीन में सॉस मिलाकर खाना अच्छा लगता है लेकिन ये कितना खतरनाक हो सकता है इसके बारे में शायद आप अनजान हैं. यह तीन साल के बच्चे उस्मान को देखकर आप महसूस कर सकते हैं. जो इस समय जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है. हालात इस कदर बिगड़ गए हैं कि इलाज के दौरान हार्ट तीन बार बंद हो गया था और इसे देखकर डॉक्टर्स भी हैरान रह गए लेकिन अब उस्मान खतरे से बाहर हो गया है. वहीं डॉक्ट्स भी उसका बचना किसी चमत्कार से कम नहीं मान रहे हैं. डॉक्टर्स के मुताबिक, इस तरह का ऐसा पहला केस सामने आया है जो दिल दहला देने वाला था क्योंकि बच्चे को बचाना तो दूसरी तरफ उसकी तकलीफ देखकर हम भी हैरान रह गए. उपचार करने वाले डॉक्टर ने बताया कि बच्चे ने चाउमीन में ज्यादा सॉस खा लिया था जिससे उसके फेफड़े फट गए थे. इससे उसकी जान भी खतरे में आ गई और इसके बाद उसे वेंटिलेटर तक पर रखा गया था. डॉर्टर्स ने बताया कि बच्चे का 23 दिन से अस्पताल में इलाज चल रहा है और इसमें काफी पैसा भी खर्च हो गया है लेकिन आयुष्मान योजना के तहत इस उपचार में खर्चा हुआ इसलिए परिवार वालों का खर्च नहीं हुआ.

नामुमकिन था बचना

गाबा अस्पताल के हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. बीएस गाबा ने बताया कि जिसि तरह से बच्चे की हालत खराब हो गई थी उसे बचाना बहुत मुश्किल हो गया था. उन्होंने परिवार वालों से साइन भी करवा लिया था कि अगर उपचार में बच्चे को कुछ होता है तो अस्पताल जिम्मेदार नहीं होगा लेकिन ऊपरवाले का शुक्र था कि उसे लाख कोशिशों के बाद बचा लिया गया. फेफड़े फट जाने के कारण वो सांस नहीं ले पा रहा था और उसे कृत्रिम सांस दी जा रही थी और डॉक्टर ने बताया कि एसिटिक एसिड के कारण उसके आर्गन अंदर से जल चुके थे मगर अंत में सब ठीक हो गया.